Edited By Khushi, Updated: 26 Feb, 2026 06:17 PM

Jharkhand News: झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन के पोते वीर सोरेन का गुरुवार को पूरे रीति-रिवाज के साथ अंतिम संस्कार किया गया। उनका अंतिम संस्कार जमशेदपुर के पास सरायकेला-खरसावां जिले के जिलंगगोड़ा गांव में हुआ। अंतिम यात्रा में मुख्यमंत्री...
Jharkhand News: झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन के पोते वीर सोरेन का गुरुवार को पूरे रीति-रिवाज के साथ अंतिम संस्कार किया गया। उनका अंतिम संस्कार जमशेदपुर के पास सरायकेला-खरसावां जिले के जिलंगगोड़ा गांव में हुआ। अंतिम यात्रा में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, कई विधायक-सांसद, समर्थक और ग्रामीण बड़ी संख्या में शामिल हुए।
"घर का चिराग अगर गुजर जाए तो परिवार के लिए अत्यंत विकट क्षण"
सीएम हेमंत ने चंपई सोरेन से मुलाकात की। इस दौरान वह भावुक हो गए। वहीं, सीएम हेमंत ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, "एक नौजवान, घर का चिराग अगर गुजर जाये तो परिवार के लिए अत्यंत विकट क्षण होता है, साथ ही जुड़े हुए लोगों के लिए भी मर्माहत करने वाला होता है। आज जिलिंगगोड़ा पहुंचकर दिवंगत वीर के पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की। मरांग बुरु दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान कर शोकाकुल आदरणीय श्री चंपई सोरेन जी और पूरे परिवार को यह विकट घड़ी सहन करने की शक्ति दे।
24 फरवरी को मनाली में हुआ था निधन
वीर सोरेन अपने दोस्तों के साथ घूमने के लिए मनाली गए थे। जानकारी के अनुसार वे 22 फरवरी को मनाली पहुंचे थे और सिमसा के एक होम स्टे में ठहरे थे। 23 फरवरी को उन्होंने सोलंग और सेथन इलाके में घूमने गए थे। 24 फरवरी की दोपहर करीब 12:30 बजे वे घूमकर कमरे में लौटे और सिर में तेज दर्द की शिकायत की। दोस्तों ने ऑनलाइन दवा मंगाकर उन्हें दी, जिसके बाद वे आराम करने लगे। करीब 2:30 बजे कमरे से गिरने की आवाज आई। दोस्त अंदर पहुंचे तो देखा कि वीर सोरेन फर्श पर अचेत पड़े हैं। उन्हें तुरंत गाड़ी से मनाली सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक अस्पताल ले जाते समय उनके मुंह से झाग निकल रहा था।