Edited By Ramanjot, Updated: 30 Aug, 2025 08:53 PM

अब अगर किसी पुलिसकर्मी की ड्यूटी के दौरान हादसे में मौत होती है तो उसके परिजनों को डेढ़ करोड़ रुपये का बीमा लाभ मिलेगा। यानी बिहार सरकार ड्यूटी पर तैनात हर पुलिसकर्मी के साथ है।
पटना:अब अगर किसी पुलिसकर्मी की ड्यूटी के दौरान हादसे में मौत होती है तो उसके परिजनों को डेढ़ करोड़ रुपये का बीमा लाभ मिलेगा। यानी बिहार सरकार ड्यूटी पर तैनात हर पुलिसकर्मी के साथ है। इस योजना से साफ है कि बिहार सरकार और पुलिस मुख्यालय न केवल पुलिसकर्मियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर हैं, बल्कि उनके परिवारों की आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भी ठोस कदम उठा रहा है।
अटल पथ पर हुआ था हादसा
दरअसल, कुछ महीने पहले पटना के अटल पथ पर वाहन चेकिंग के दौरान तेज रफ्तार गाड़ी की चपेट में आने से एक महिला सिपाही गंभीर रूप से जख्मी हो गई थीं। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। इस हादसे के बाद, उन्हें 1.50 करोड़ रुपये की बीमा राशि दी गई है। यह जानकारी पुलिस मुख्यालय की ओर से दी गई। बताते चलें, बिहार पुलिस के इतिहास में यह पहली बार हुआ है, जब एक महिला सिपाही के परिवार को इस बीमा योजना का लाभ दिया गया है।
बैंक ऑफ बड़ौदा से जुड़ा बीमा पैकेज
बिहार पुलिस के सभी रैंक के कर्मियों के वेतन पैकेज का प्रबंध अब बैंक ऑफ बड़ौदा से कर दिया है। इसमें यह खास प्रावधान है कि ड्यूटी के दौरान अगर किसी दुर्घटना में जान चली जाए तो ऐसे पुलिसकर्मी के परिजनों को सीधे डेढ़ करोड़ रुपये का बीमा लाभ मिले। सभी पुलिसकर्मियों का सैलरी खाता भी इसी बैंक में है। जिससे पुलिसकर्मियों के परिवार वालों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
सरकारी मदद के अलावा अलग कोष से भी सहयोग
एडीजी (बजट, अपील एवं कल्याण) डॉ. कमल किशोर सिंह ने बताया कि सरकार की ओर से दी जाने वाली अनुग्रह राशि, नौकरी और अन्य सुविधाओं के अलावा पुलिस मुख्यालय ने अलग से कई कोष बनाए हैं। इनमें परोपकारी कोष, शिक्षा कोष, स्वास्थ्य कोष और पुलिस सहायता कल्याण कोष शामिल हैं। इसके अलावा अनुकंपा भी है। जिसमें अनुकंपा के आधार पर परिवार के सदस्य को भी नौकरी देने का प्रवाधान है।
किस कोष का क्या है लाभ
- परोपकारी कोष : हाल में 53 पुलिसकर्मियों को 6.84 लाख रुपये की मदद दी जा रही है।
- शिक्षा कोष : अब बच्चों की पढ़ाई में पीजी स्तर तक सहायता मिलेगी, पहले केवल ग्रेजुएट स्तर तक ही थी।
- स्वास्थ्य कोष : गंभीर बीमारियों में आर्थिक मदद दी जाती है।
- पुलिस सहायता कल्याण कोष : असमय मृत्यु होने पर सालाना 24 हजार रुपये की आर्थिक सहायता।
इस साल 83 परिवारों को 32 लाख रुपये दिए जा रहे हैं।