Edited By Ramanjot, Updated: 16 Mar, 2026 02:30 PM

बिहार में आज राज्यसभा की 5 सीटों के लिए मतदान हो रहा है, जिसमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सहित 6 उम्मीदवार मैदान में हैं। चुनाव के बीच कांग्रेस के 4 विधायकों के लापता होने से महागठबंधन में हड़कंप मच गया है।
Bihar Rajya Sabha Elections: बिहार विधानसभा परिसर में आज राज्यसभा की पांच सीटों के लिए मतदान की प्रक्रिया सुबह 9 बजे से शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सहित कुल छह उम्मीदवार मैदान में हैं, जिससे मुकाबला दिलचस्प हो गया है। हालांकि, वोटिंग के बीच महागठबंधन के खेमे से आ रही खबरों ने राजनीतिक हलचल तेज कर दी है। सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस के 6 में से 4 विधायक फिलहाल 'लापता' बताए जा रहे हैं, जिससे पांचवीं सीट का गणित उलझता नजर आ रहा है।
तेजस्वी की रणनीति और 'होटल पनाश' की हलचल
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने चुनाव में जीत सुनिश्चित करने के लिए रविवार रात पटना के होटल पनाश में राजद, वाम दल और सहयोगियों के साथ लंबी बैठक की। राजद का दावा है कि उन्हें AIMIM और बसपा (BSP) का समर्थन प्राप्त है, जिससे उनके पास कुल 48 विधायकों का बल है। शक्ति सिंह यादव के अनुसार, 41 विधायक बैठक में मौजूद थे, लेकिन कांग्रेस विधायकों की अनुपस्थिति ने गठबंधन की चिंता बढ़ा दी है।
कांग्रेस के 'लापता' विधायकों का समीकरण
कांग्रेस के 6 विधायकों में से केवल किशनगंज विधायक कमरुल होदा और चनपटिया विधायक अभिषेक रंजन ही होटल पनाश पहुंचे। शेष चार विधायकों- मनोहर सिंह, मनोज विश्वास, अब्दुर रहमान और सुरेंद्र कुशवाहा से रात भर संपर्क नहीं हो पाया। लापता विधायकों में से एक उपेंद्र कुशवाहा के करीबी हैं, जबकि एक जदयू पृष्ठभूमि से आए हैं। अन्य तीन राजनीति में नए हैं। कांग्रेस ने अभी तक सदन में अपने विधायक दल के नेता या सचेतक (Whip) का चुनाव नहीं किया है, जिससे विधायकों पर किसी औपचारिक आदेश का दबाव नहीं है।
पांचवीं सीट पर फंसा पेंच
राजद को अपनी जीत पक्की करने के लिए बसपा के समर्थन के बाद भी एक अतिरिक्त वोट की आवश्यकता है। यदि कांग्रेस के ये चार विधायक सदन में उपस्थित नहीं होते या क्रॉस-वोटिंग करते हैं, तो महागठबंधन का खेल बिगड़ सकता है। दूसरी ओर, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने दावा किया है कि महागठबंधन का प्रत्याशी सुरक्षित है और सभी विधायक एकजुट हैं।