Edited By SHUKDEV PRASAD, Updated: 28 Mar, 2026 06:39 PM

झारखंड में कानून व्यवस्था और महिला सुरक्षा को लेकर सियासत गरमा गई है। हजारीबाग जिले के विष्णुगढ़ क्षेत्र के कुसुंबा गांव में 12 साल की बच्ची के साथ हुए अपहरण, दुष्कर्म और हत्या की दर्दनाक घटना ने पूरे राज्य को झकझोर दिया है।
Jharkhand Crime News: झारखंड में कानून व्यवस्था और महिला सुरक्षा को लेकर सियासत गरमा गई है। हजारीबाग जिले के विष्णुगढ़ क्षेत्र के कुसुंबा गांव में 12 साल की बच्ची के साथ हुए अपहरण, दुष्कर्म और हत्या की दर्दनाक घटना ने पूरे राज्य को झकझोर दिया है। इस मामले को लेकर अब राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप भी तेज हो गए हैं।
BJP का प्रेस कॉन्फ्रेंस में तीखा हमला
राजधानी रांची में Bharatiya Janata Party के प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में पार्टी नेताओं ने राज्य सरकार पर गंभीर सवाल उठाए। इस दौरान Aditya Sahu ने Hemant Soren के नेतृत्व वाली सरकार को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक हो गई है।
‘अपराधियों में डर खत्म’, कानून व्यवस्था पर सवाल
प्रेस वार्ता में बीजेपी नेताओं ने आरोप लगाया कि राज्य में अपराधियों के मन से कानून का भय खत्म हो चुका है। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा गंभीर चुनौती बन गई है और ऐसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। कुसुंबा गांव की घटना का जिक्र करते हुए इसे मानवता को झकझोर देने वाला बताया गया और पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े किए गए।
सरकार पर संवेदनहीनता का आरोप
बीजेपी ने राज्य सरकार पर पीड़ित परिवार के प्रति संवेदनहीन रवैया अपनाने का आरोप लगाया। पार्टी नेताओं का कहना है कि घटना के कई दिन बाद तक कोई जिम्मेदार अधिकारी या जनप्रतिनिधि पीड़ित परिवार से मिलने नहीं पहुंचा, जो बेहद गंभीर बात है।
30 मार्च को बंद और आंदोलन की चेतावनी
इस मुद्दे पर बीजेपी ने आंदोलन तेज करने का संकेत दिया है। Aditya Sahu ने कहा कि यदि जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो पार्टी मशाल जुलूस निकालेगी और 30 मार्च को हजारीबाग बंद का आह्वान करेगी। साथ ही दोषियों को सख्त सजा दिलाने की मांग भी उठाई गई है।
मुख्यमंत्री के दौरे पर भी उठे सवाल
बीजेपी ने मुख्यमंत्री Hemant Soren के अन्य राज्यों के दौरे पर भी सवाल उठाए। पार्टी का कहना है कि राज्य के अंदर गंभीर घटनाएं हो रही हैं और ऐसे समय में सरकार को प्राथमिकता तय करनी चाहिए।
कानून व्यवस्था पर सियासी घमासान
इस घटना के बाद झारखंड की राजनीति में कानून व्यवस्था और महिला सुरक्षा बड़ा मुद्दा बन गया है। एक तरफ बीजेपी सरकार को घेर रही है, तो दूसरी ओर सत्ताधारी पक्ष पर भी दबाव बढ़ता नजर आ रहा है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासी टकराव और तेज होने की संभावना है।