Edited By Ramanjot, Updated: 25 Oct, 2026 05:52 PM

खरगे ने मतदाता सूची में हेरफेर करने और विपक्षी दलों के समर्थकों के नाम हटाने का आरोप लगाते हुए, चुनाव प्रक्रिया और निर्वाचन आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए।
पटना: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शनों को 'आजादी की दूसरी लड़ाई' करार देते हुए इस प्रक्रिया को तत्काल रोकने, भविष्य के सभी चुनाव मतपत्रों के जरिए कराने और पिछले दो वर्षों में हुए सभी विधानसभा चुनावों को रद्द करने की रविवार को मांग की।
बिहार के पहले मुख्यमंत्री एवं 'श्री बाबू' के नाम से जाने जाने वाले कृष्ण सिंह की 139वीं जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए खरगे ने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) और भारतीय जनता पार्टी (BJP) की विचारधारा देश में विभाजन को और गहरा कर रही है। उन्होंने दावा किया, ''जब तक आरएसएस की विचारधारा खत्म नहीं होगी, तब तक देश में शांति नहीं होगी।''
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खरगे ने मतदाता सूची में हेरफेर करने और विपक्षी दलों के समर्थकों के नाम हटाने का आरोप लगाते हुए, चुनाव प्रक्रिया और निर्वाचन आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। उन्होंने लोगों से सड़कों पर उतरने, अपने अधिकारों के लिए लड़ने और संविधान की रक्षा करने की अपील करते हुए कहा, ''पश्चिम बंगाल, हरियाणा, बिहार और महाराष्ट्र में 'वोट चोरी' के जरिए हथियाई गई सरकारों को हटाना होगा।'' खरगे ने एसआईआर कवायद को तुरंत रोकने और पिछले दो वर्षों में हुए सभी विधानसभा चुनावों को रद्द करने की मांग करते हुए कहा कि जनता निर्वाचन आयोग से पारदर्शिता और जवाबदेही की हकदार है।