Edited By Ramanjot, Updated: 23 Feb, 2024 12:39 PM

पार्टी नेता महेश्वर हजारी ने उपाध्यक्ष पद से बुधवार को इस्तीफा दे दिया था जिसके बाद इस पद पर चुनाव कराया गया। पूर्व मंत्री यादव (73) 1990 के दशक से मधेपुरा जिले की आलमनगर सीट का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। जद (यू) से जुड़े सूत्रों के अनुसार...
पटना: जनता दल यूनाइडेट (JDU) के वरिष्ठ नेता नरेंद्र नारायण यादव (Narendra Narayan Yadav) शुक्रवार को बिहार विधानसभा के उपाध्यक्ष निर्विरोध चुने गए। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar), उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने यादव को सदन का उपाध्यक्ष चुने जाने पर बधाई दी। विधानसभा की कार्यावाही शुरू होते ही सभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव ने बताया कि उपाध्यक्ष के निर्वाचन के लिए कुल 11 प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। सभी प्रस्ताव एक ही सदस्य नरेंद्र नारायण यादव के संबंध प्राप्त हुए हैं।
नंदकिशोर यादव ने प्रथम प्रस्तावक होने के नाते उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा को सदन में प्रस्ताव पेश करने की अनुमति दी। सिन्हा ने नरेंद्र नारायण यादव के उपाध्यक्ष चुने जाने का प्रस्ताव पेश किया, जिसका अनुमोदन मंत्री प्रेम कुमार ने किया। इसके बाद सर्वसम्मति से नरेंद्र नारायण यादव को उपाध्यक्ष चुन लिया गया। सभा अध्यक्ष नंदकिशोर यादव ने नरेंद्र नारायण यादव को बिहार विधानसभा के 19वें उपाध्यक्ष चुने जाने पर बधाई देते हुए कहा कि वर्ष 1995 से वह लगातार आलमनगर क्षेत्र से इस सदन के सदस्य रहे हैं। विधानसभा पहुंचने से पहले वह आलमनगर पंचायत समिति के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। जमीनी स्तर से उठकर उपर आए श्री नरेंद्र नारायण यादव राज्य सरकार के कई महत्वपूर्ण विभागों के मंत्री भी रह चुके हैं । वह विनम्र और मृदुभाषी व्यक्ति हैं।
महेश्वर हजारी ने दिया था इस्तीफा
पार्टी नेता महेश्वर हजारी ने उपाध्यक्ष पद से बुधवार को इस्तीफा दे दिया था जिसके बाद इस पद पर चुनाव कराया गया। पूर्व मंत्री नरेंद्र नारायण यादव (73) 1990 के दशक से मधेपुरा जिले की आलमनगर सीट का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। जद (यू) से जुड़े सूत्रों के अनुसार, हजारी को कैबिनेट में शामिल किए जाने या आगामी लोकसभा चुनाव में पार्टी से टिकट दिए जाने की संभावना है। वह 2021 से विधानसभा के उपाध्यक्ष पद पर थे।