Edited By Khushi, Updated: 26 Jan, 2026 04:40 PM

Jharkhand News: 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के मौके पर झारखंड की उपराजधानी दुमका में एक अलग नज़ारा देखने को मिला। राज्य गठन के 25 साल बाद पहली बार ऐसा हुआ जब मुख्यमंत्री ने यहां झंडा नहीं फहराया।
Jharkhand News: 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के मौके पर झारखंड की उपराजधानी दुमका में एक अलग नज़ारा देखने को मिला। राज्य गठन के 25 साल बाद पहली बार ऐसा हुआ जब मुख्यमंत्री ने यहां झंडा नहीं फहराया।
विदेश दौरे पर होने की वजह से दुमका नहीं पहुंचे सीएम हेमंत
आज 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के अवसर पर झारखंड की उपराजधानी दुमका में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की गैर मौजूदगी साफ तौर पर महसूस की गई। झारखंड गठन के बाद यह पहली बार हुआ जब दुमका में मुख्यमंत्री के हाथों ध्वजारोहण नहीं हो सका। अब तक यह परंपरा रही है कि हर साल गणतंत्र दिवस पर दुमका में मुख्यमंत्री झंडा फहराते हैं, लेकिन इस बार मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन विदेश दौरे पर होने की वजह से दुमका नहीं पहुंच सके। इसी कारण यह परंपरा टूट गई।
पुलिस लाइन मैदान में ध्वजारोहण किया गया
मुख्यमंत्री की अनुपस्थिति में दुमका के उपायुक्त (डीसी) अभिजीत सिन्हा ने पुलिस लाइन मैदान में झंडोत्तोलन किया। इस मौके पर विभिन्न विभागों की ओर से झांकियां भी निकाली गईं। डीसी अभिजीत सिन्हा ने ध्वजारोहण की तस्वीरें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा कीं। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा कि 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर पुलिस लाइन मैदान में ध्वजारोहण किया गया और सभी जिला वासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस हमारे संवैधानिक मूल्यों, एकता और विविधता का प्रतीक है। वहीं राजधानी रांची के ऐतिहासिक मोरहाबादी मैदान में परंपरा के अनुसार राज्यपाल संतोष गंगवार ने झंडा फहराया। इस बार की परेड में बंगाल पुलिस की एक बटालियन भी शामिल रही।