Edited By Nitika, Updated: 19 Jul, 2023 11:53 AM

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सत्ता से हटाने के लिए 2024 के लोकसभा चुनाव की रणनीति बनाने बेंगलुरु में जुटी 26 पाटिर्यों पर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के बिहार के नेताओं ने तंज कसते हुए कहा कि ये वही लोग हैं, जो कभी 'इंडिया इज इंदिरा, इंदिरा...
पटनाः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सत्ता से हटाने के लिए 2024 के लोकसभा चुनाव की रणनीति बनाने बेंगलुरु में जुटी 26 पाटिर्यों पर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के बिहार के नेताओं ने तंज कसते हुए कहा कि ये वही लोग हैं, जो कभी 'इंडिया इज इंदिरा, इंदिरा इज इंडिया' कहा करते थे और वे अब भी भारत को नहीं जान पाए हैं इसलिए गठबंधन का नाम 'इंडिया' रखकर प्रधान सेवक नरेंद्र मोदी को चुनौती नहीं दे सकते।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सम्राट चौधरी ने यहां कहा कि गठबंधन का नाम इंडिया रख लेने से कोई इंडिया नहीं हो सकता है। यह साफ दर्शा रहा है कि अगले वर्ष होने वाले लोकसभा चुनाव से पहले ही विपक्ष ने अपनी हार को स्वीकार कर लिया है। उन्हें अपने पर विश्वास नहीं है इसलिए वह अब इंडिया नाम रखकर वोट हासिल करने की कोशिश में है। उन्होंने कहा कि देश की जनता जानती है कि ये वही लोग हैं जो कभी इंडिया इज इंदिरा, इंदिरा इज इंडिया कहा करते थे। अब एक बार फिर अपने गठबंधन का नाम इंडिया रखकर यह बता रहे हैं कि वही इंडिया है और लोग उन्हें वोट दें। यह हास्यास्पद है।
वहीं चौधरी ने कहा कि भ्रष्टाचार के कारण 2014 में जिस संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन(संप्रग) को जनता ने नकार दिया उसके नाम बदल लेने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा कि विपक्ष का गठबंधन विरोधाभास से भी भरा हुआ है, इसमें शामिल दल भले ही एकजुटता का दिखावा कर रहे हैं लेकिन सभी एक दूसरे को संशय की निगाहों से देखते हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के 'पलटने' की आदत के कारण न तो कांग्रेस उनपर भरोसा करती है, न राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और न ही बिहार की जनता। यही हाल कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (आप) तथा कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस का है।