Edited By Ramanjot, Updated: 09 Mar, 2026 06:30 PM

बिहार के उत्तर और पूर्वी हिस्सों में मौसम विभाग ने सोमवार से भारी बदलाव की चेतावनी दी है। पूर्णिया, मुजफ्फरपुर और अररिया समेत 18 जिलों के लिए 'येलो अलर्ट' जारी किया गया है।
Bihar Weather : बिहार के कई हिस्सों में मौसम ने अचानक करवट ली है। पछुआ और पुरवा हवाओं के मिलन से राज्य के उत्तर और पूर्वी जिलों में आंधी, बारिश और बिजली गिरने (वज्रपात) की आशंका गहरा गई है। मौसम विज्ञान केंद्र, पटना ने सोमवार को सीमांचल और उत्तर बिहार के बड़े हिस्से के लिए 'येलो अलर्ट' जारी करते हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है। रविवार देर रात से ही पूर्णिया और किशनगंज जैसे इलाकों में घने बादलों के साथ मौसम में बदलाव देखा गया है।
इन 18 जिलों में दिखेगा आंधी-बारिश का तांडव
मौसम विभाग के अनुसार, अगले 48 घंटों के दौरान राज्य के उत्तर और पूर्वी हिस्सों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। मुख्य रूप से प्रभावित होने वाले जिले हैं: सीतामढ़ी, शिवहर, मुजफ्फरपुर, मधुबनी, दरभंगा, समस्तीपुर, सुपौल, अररिया, किशनगंज, सहरसा, मधेपुरा, पूर्णिया, कटिहार, भागलपुर, बांका, जमुई, खगड़िया और मुंगेर।
वज्रपात का खतरा: किसानों के लिए विशेष एडवाइजरी
विभाग ने चेतावनी दी है कि बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की प्रबल संभावना है। खेतों में काम कर रहे किसानों और खुले स्थानों पर मौजूद लोगों को सलाह दी गई है कि वे खराब मौसम के दौरान ऊंचे पेड़ों, बिजली के खंभों या जलजमाव वाले क्षेत्रों से दूर रहें। पक्के मकानों में शरण लेना सबसे सुरक्षित होगा।
मध्य बिहार में कैसा रहेगा हाल? (पटना, गया, नालंदा)
राजधानी पटना समेत मध्य बिहार के जिलों जैसे वैशाली, जहानाबाद, गया, नालंदा, नवादा, शेखपुरा, लखीसराय और बेगूसराय में मौसम अपेक्षाकृत कम सक्रिय रहेगा। इन क्षेत्रों में आसमान में आंशिक बादल छाए रहेंगे। कहीं-कहीं हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। फिलहाल इन जिलों के लिए किसी बड़े खतरे या अलर्ट की घोषणा नहीं की गई है।
कब तक बना रहेगा असर?
मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यह मौसमी सिस्टम 11 मार्च की रात तक सक्रिय रहेगा। इस दौरान रुक-रुक कर बारिश और तेज हवाओं का सिलसिला जारी रह सकता है। 12 मार्च से मौसम के एक बार फिर सामान्य होने और तापमान में वृद्धि होने की संभावना जताई गई है।