Edited By Khushi, Updated: 19 Mar, 2026 03:07 PM

Jharkhand News: चैत्र नवरात्रि 2026 में 19 मार्च से शुरू हो रही है। नवरात्रि हिंदू धर्म में विशेष महत्व का त्योहार है, जिसमें लोग मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा करते हैं। इस दौरान नौ दिन तक उपवास रखना आम बात है, लेकिन कई लोग व्रत के दौरान अपनी सेहत...
Jharkhand News: चैत्र नवरात्रि 2026 में 19 मार्च से शुरू हो रही है। नवरात्रि हिंदू धर्म में विशेष महत्व का त्योहार है, जिसमें लोग मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा करते हैं। इस दौरान नौ दिन तक उपवास रखना आम बात है, लेकिन कई लोग व्रत के दौरान अपनी सेहत की अनदेखी कर देते हैं। लंबे समय तक भूखे रहना या अचानक खान-पान बदलना शरीर पर भारी पड़ सकता है।
नौ दिन के उपवास में सिर्फ पानी ही नहीं, बल्कि...
नोएडा के डाइट मंत्रा क्लीनिक की डाइटिशियन कामिनी सिन्हा के मुताबिक, व्रत में अक्सर लोग पानी कम पीते हैं। इससे डिहाइड्रेशन, सिरदर्द और थकान जैसी समस्याएं हो सकती हैं। नौ दिन के उपवास में सिर्फ पानी ही नहीं, बल्कि नारियल पानी, ताजा फलों का जूस, नींबू पानी और छाछ भी पीते रहना चाहिए। इससे शरीर के टॉक्सिन्स बाहर निकलते हैं और इलेक्ट्रोलाइट संतुलन बना रहता है।
पर्याप्त नींद (7-8 घंटे) लेना जरूरी
कामिनी सिन्हा कहती हैं कि व्रत में केवल पानी पीना और कुछ न खाना सही नहीं है। अचानक खाना छोड़ने से ब्लड शुगर गिर सकता है, जिससे चक्कर आने लगते हैं। व्रत में कुट्टू का आटा, सिंघाड़ा या समा के चावल खाएं। ये धीरे-धीरे पचते हैं और लंबे समय तक ऊर्जा देते हैं। मखाना, मूंगफली और ड्राई फ्रूट्स भी समय-समय पर खाते रहें, ताकि मेटाबॉलिज्म सही रहे। व्रत में तले-भुने खाने जैसे साबूदाना वड़ा, आलू के चिप्स या ज्यादा तेल वाली पूड़ियां खाने से बचें। इससे एसिडिटी, सीने में जलन और वजन बढ़ने का खतरा रहता है। फल, उबले आलू, दही और पनीर जैसी हल्की और प्रोटीन वाली चीजें खाएं। सेंधा नमक सीमित मात्रा में लें ताकि ब्लड प्रेशर नियंत्रित रहे। व्रत के दौरान शरीर अपनी स्टोर की हुई ऊर्जा इस्तेमाल करता है, इसलिए ज्यादा थकाने वाले काम या भारी व्यायाम से बचें। पर्याप्त नींद (7-8 घंटे) लेना जरूरी है, क्योंकि नींद की कमी से तनाव हार्मोन बढ़ सकता है। पूजा-पाठ के साथ आराम भी जरूरी है।
डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर या कोई गंभीर बीमारी है, तो...
कामिनी सिन्हा कहती हैं कि व्रत खुलवाने के समय अचानक भारी भोजन जैसे पूड़ी-छोले न खाएं। हल्के सूप या जूस से शुरू करें और धीरे-धीरे सामान्य भोजन पर आएं। इससे पाचन पर बोझ नहीं पड़ेगा। अगर आपको डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर या कोई गंभीर बीमारी है, तो नौ दिन का व्रत शुरू करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें। गर्भवती महिलाओं को लगातार नौ दिन का व्रत रखने की सलाह नहीं दी जाती।