Edited By Ramanjot, Updated: 10 Feb, 2026 12:03 PM

अनियंत्रित सीएनजी टेंपो की टक्कर से शाहपुरा दियारा पंचायत के वार्ड सदस्य प्रेम कुमार (32 वर्ष) की मौत हो गई। इलाज के दौरान पटना में दम तोड़ने के बाद जब शव गांव पहुंचा, तो आक्रोशित ग्रामीणों ने एनएच-19 को जाम कर टायर जलाकर प्रदर्शन किया।
Road Accident : बिहार के सोनपुर में एक सड़क हादसे में वार्ड सदस्य की मौत हो गई, जिसके बाद भारी हंगामा हुआ। दरअसल, दुधैला बाइपास के पास सीएनजी टेंपो की टक्कर से घायल शाहपुरा दियारा पंचायत के वार्ड सदस्य प्रेम कुमार (32 वर्ष) की पटना में इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही आक्रोशित ग्रामीणों ने एनएच-19 को घंटों जाम रखा, जिससे यातायात व्यवस्था पूरी तरह ठप हो गई।
बाजार से लौटते वक्त हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, शाहपुरा दियारा पंचायत के वार्ड संख्या-11 के सदस्य प्रेम कुमार पिता जयगोपाल राय शनिवार शाम गौला बाजार से घरेलू सामान खरीदकर बाइक से अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान दुधैला बाइपास के समीप नयागांव की ओर से आ रहे एक अनियंत्रित सीएनजी टेंपो ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि उनकी बाइक पास के गड्ढे में जा गिरी। दुर्घटना के बाद चालक टेंपो छोड़कर मौके से फरार हो गया।
इलाज के दौरान पटना में तोड़ा दम
परिजनों ने आनन-फानन में गंभीर रूप से घायल प्रेम कुमार को पटना के एक अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उपचार के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद जब शव वापस सोनपुर लाया गया, तो ग्रामीणों का धैर्य जवाब दे गया। लोगों ने शव के साथ दुधैला बाइपास पर टायर जलाकर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
अंडरपास और मुआवजे की मांग
विरोध प्रदर्शन के कारण एनएच-19 पर वाहनों की कई किलोमीटर लंबी कतार लग गई। ग्रामीणों ने मांग की है कि दुर्घटना संभावित इस स्थल पर तत्काल अंडरपास का निर्माण कराया जाए। मृतक के परिजनों को उचित मुआवजा और सरकारी सहायता दी जाए।
पुलिस की कार्रवाई और स्थिति
हंगामे की सूचना मिलते ही सोनपुर थानाध्यक्ष राजनंदन पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने आक्रोशित लोगों को समझा-बुझाकर और उचित कानूनी कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम हटवाया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन को जब्त कर लिया है और फरार चालक की तलाश जारी है।
परिवार में कोहराम
मृतक प्रेम कुमार पटना में एक चिकित्सक के यहां भी कार्य करते थे और अपने परिवार के मुख्य आधार थे। उनके पीछे दो छोटे पुत्र और एक पुत्री है। इस असमय मौत से पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।